सदर अस्पताल को सुपर स्पेशियलिटी हॉस्पिटल के रूप में विकसित करने का लक्ष्य

शनिवार को सदर अस्पताल के ओपीडी का सिविल सर्जन डॉक्टर विजय कुमार के द्वारा निरीक्षण किया गया और सुपर स्पेशलिटी हॉस्पिटल के ढांचे में बदलने का अस्पताल प्रबंधक को आदेश दिया गया.स्पेशलिटी स्वास्थ्य विभाग की स्वास्थ्य विभाग के तहत विभिन्न कार्यक्रमों की विस्तृत जानकारी दी गई. जिले के स्वास्थ्य व्यवस्था पर पड़ेगा सकारात्मक प्रभाव सिविल सर्जन डॉ विजय कुमार ने बताया कि इस अपग्रेडेशन के बाद सदर अस्पताल पर मरीजों को इलाज करवाने में सुविधा बेहतर संसाधन, विशेषज्ञ डॉक्टरों की उपलब्धता और आधुनिक सुविधाओं से मधेपुरा जिले की स्वास्थ्य व्यवस्था में गुणात्मक सुधार आएगा. मरीजों और लोगों को बड़ी राहत मिलेगी. सदर अस्पताल के ओपीडी में खुलेंगे नए सुपर स्पेशियलिटी विभाग सुपर स्पेशियलिटी अस्पताल बनने के बाद सदर अस्पताल मधेपुरा में कार्डियोलॉजी, नेफ्रोलॉजी, साइकोलॉजी डिपार्टमेंट,न्यूरोलॉजी और और अन्य महत्वपूर्ण विभाग खोले जाएंगे. हृदय रोगियों के लिए इको कार्डियोग्राफी, किडनी और मस्तिष्क से संबंधित उन्नत जांच एवं उपचार की सुविधाएं अस्पताल परिसर में उपलब्ध होंगी.इससे गंभीर मरीजों को बाहर भेजने की आवश्यकता कम होगी और समय पर बेहतर इलाज मिल सकेगा.सदर अस्पताल डीएस डा सचिन ने बताया, कि फिलहाल मॉडल सदर अस्पताल के तहत कई आधुनिक सुविधाएं दी जा रही हैं.लेकिन, सुपर स्पेशियलिटी में अपग्रेडेशन के बाद इलाज का दायरा अधिक व्यापक हो जाएगा. सदर अस्पताल में चिकित्सक की संख्या बढ़ेगी. अत्याधुनिक संसाधनों की उपलब्धता सुनिश्चित की जाएंगी. सात निश्चय-2 के तहत होगा क्रियान्वयन सदर अस्पताल के साथ अन्य स्वास्थ्य केंद्रों को स्पेशियलिटी अस्पताल के रूप में उत्क्रमित किया जाएगा. हर विभाग के विशेषज्ञ की तैनाती की जाएगी.जिससे सेवाओं की गुणवत्ता में बड़ा सुधार होगा.स्वास्थ्य अधिकारियों के अनुसार आवश्यकता के अनुरूप इस संरचना में सुधार भी किया जा सकता है.यह पूरी योजना मुख्यमंत्री के सात निश्चय-2 कार्यक्रम के अंतर्गत राज्य स्वास्थ्य समिति द्वारा लागू की जा रही है. वही मौके पर मौजूद सदर स्वास्थ्य विभाग के प्रबंधक प्रिंस कुमार, डॉक्टर संतोष प्रकाश, डॉक्टर खुशबू प्रकाश, सदर अस्पताल प्रबंधक कुमार नवनीत चंद्र ,शशि कुमार, दीपक कुमार एवं अन्य मौजूद थे.